नाहन: माता पद्मावती कॉलेज में मनाया Earth Day, पर्यावरण संरक्षण का दिया सन्देश..
Earth Day के अवसर पर माता पद्मावती कॉलेज ऑफ नर्सिंग, नाहन द्वारा “Our Power, Our Planet” थीम के अंतर्गत विभिन्न जागरूकता एवं जनसहभागिता कार्यक्रमों का सफलतापूर्वक
आयोजन किया गया। इस अवसर पर पर्यावरण संरक्षण के महत्व को जन-जन तक पहुँचाने के उद्देश्य से क आउटरीच जागरूकता कार्यक्रम राजकीय प्राथमिक विद्यालय, बनोग में आयोजित किया गया, जिसमें लगभग 60 प्राथमिक कक्षा के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। नर्सिंग के विद्यार्थियों ने एक प्रभावशाली एवं संदेशपूर्ण नाट्य प्रस्तुति (स्किट) तथा संवादात्मक जागरूकता सत्र के माध्यम से बच्चों को पर्यावरण संरक्षण, प्लास्टिक के उपयोग में कमी, अपशिष्ट प्रबंधन की सही विधियों, जल संरक्षण तथा स्वच्छता के महत्व के बारे में सरल एवं प्रभावी तरीके से अवगत कराया। कार्यक्रम अत्यंत रोचक, शिक्षाप्रद एवं प्रेरणादायक रहा, जिसमें विद्यार्थियों की सक्रिय सहभागिता, जिज्ञासा एवं सकारात्मक प्रतिक्रिया
देखने को मिली।
इस पहल का मुख्य उद्देश्य बाल्यावस्था से ही विद्यार्थियों में पर्यावरण के प्रति जागरूकता, संवेदनशीलता एवं जिम्मेदारी की भावना का विकास करना था, ताकि वे अपने दैनिक जीवन में पर्यावरण-अनुकूल आदतों को अपनाते हुए समाज में सकारात्मक परिवर्तन ला सकें। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को प्रश्न पूछने, विचार साझा करने तथा व्यावहारिक उदाहरणों के माध्यम से सीखने का अवसर मिला, जिससे उनकी समझ और भी सुदृढ़ हुई।
इसके अतिरिक्त, महाविद्यालय परिसर में एक आकर्षक एवं प्रतिस्पर्धात्मक रंगोली प्रतियोगिता काआयोजन किया गया, जिसमें लगभग 8 टीमों ने अत्यंत उत्साह, समर्पण एवं रचनात्मकता के साथ भागलिया। प्रतिभागियों ने पर्यावरण संरक्षण, सतत विकास, हरित जीवनशैली एवं प्राकृतिक संसाधनों केसंरक्षण जैसे विषयों पर आधारित सुंदर, सजीव एवं संदेशप्रधान रंगोलियाँ प्रस्तुत कीं। यह प्रतियोगिता न केवल विद्यार्थियों की कलात्मक प्रतिभा को निखारने का माध्यम बनी, बल्कि समाज में पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता फैलाने का एक सशक्त एवं प्रभावी माध्यम भी सिद्ध हुई।
इस अवसर पर अध्यक्ष श्री अनिल जैन ने छात्रों, स्टाफ तथा प्राचार्या के समर्पित प्रयासों की प्रशंसा करते हुएउनके उत्साह, टीम भावना, अनुशासन एवं प्रभावी नेतृत्व को सराहा। उन्होंने विशेष रूप से प्राचार्या श्रीमती रिजी जीवरघीस के कुशल एवं दूरदर्शी नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा कि उनकी प्रतिबद्धता, मार्गदर्शन वं सकारात्मक दृष्टिकोण, साथ ही स्टाफ के सामूहिक एवं सतत प्रयासों ने संस्थान की निरंतर प्रगति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उनके अनुसार, इन्हीं प्रयासों के परिणामस्वरूप संस्थान ने हिमाचल प्रदेश के
अग्रणी नर्सिंग महाविद्यालयों में अपनी सशक्त पहचान स्थापित की है तथा राष्ट्रीय स्तर पर भी प्रतिष्ठा अर्जित कर रहा है।
महासचिव श्री सचिन जैन ने भी इस अवसर पर छात्रों एवं स्टाफ की सक्रिय सहभागिता और उत्कृष्ट समन्वय की सराहना की। उन्होंने कहा कि संस्थान द्वारा अपनाया गया कौशल-आधारित शैक्षणिक दृष्टिकोण एवं प्रत्येक छात्र पर व्यक्तिगत ध्यान (वन-टू-वन मेंटरिंग) विद्यार्थियों के शैक्षणिक प्रदर्शन एवं व्यावसायिक दक्षता को सुदृढ़ करता है। उन्होंने आगे कहा कि टीम के समर्पित एवं योजनाबद्ध प्रयास संस्थान को आज के प्रतिस्पर्धात्मक युग में अधिक सक्षम, प्रभावशाली एवं प्रगतिशील बना रहे हैं। प्राचार्या श्रीमती रिजी जीवरघीस ने छात्रों की उत्कृष्ट भागीदारी एवं प्रदर्शन पर गर्व व्यक्त करते हुए शिक्षण एवं गैर-शिक्षण स्टाफ के निरंतर सहयोग, समर्पण एवं समन्वय के लिए आभार प्रकट किया। उन्होंने यह
भी रेखांकित किया कि नर्सिंग एक अत्यंत सम्मानजनक एवं रोजगारोन्मुखी (जॉब-ओरिएंटेड) पेशा है,
विशेषकर छात्राओं के लिए, और संस्थान एक सुरक्षित, सहयोगात्मक एवं प्रेरणादायक शिक्षण वातावरणप्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने बताया कि इस प्रकार की सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों के माध्यमसे छात्रों के व्यक्तित्व विकास, आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता एवं व्यावहारिक कौशल को सुदृढ़ किया जाताहै, जिससे वे भविष्य में सक्षम एवं संवेदनशील स्वास्थ्य सेवा पेशेवर बन सकें।समग्र रूप से सभी गतिविधियाँ उत्कृष्ट योजना, प्रभावी समन्वय तथा छात्रों की उत्साहपूर्ण एवं सक्रिय भागीदारी केसाथ अत्यंत सफलतापूर्वक संपन्न हुईं, जो उनके सामाजिक उत्तरदायित्व, पर्यावरणीय जागरूकता एवं सामूहिक प्रतिबद्धता को स्पष्ट रूप से दर्शाती हैं।
इस आयोजन के माध्यम से यह सशक्त संदेश प्रसारित हुआ कि यदि प्रत्येकव्यक्ति छोटे-छोटे सकारात्मक कदम उठाए और सामूहिक रूप से प्रयास करे, तो हम एक स्वच्छ, हरित, संतुलित एवंसतत भविष्य के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दे सकते हैं।








